Thursday, April 23, 2009

आज फ़िर टूट के बिखरा तो तुझे याद किया...
दिल मेरा दर्द में डूबा तो तुझे याद किया......

ख्वाब अश्को में ढल गए तेरी सूरत ले कर....
आज फ़िर गम ने सताया तो तुझे याद किया....

खुशियाँ बेसुमार है मेरे जीवन की तरह.....
आज फ़िर हिज्र में रोया तो तुझे याद किया....

ज़िन्दगी बीत गयी है गमो के साये में...
भूल कर भी कभी हंसा तो तुझे याद किया....

जब भी तेरी जुदाई के आजाब लम्हों ने .....
मुझ को बेताब किया तो तुझे याद किया.....

लाख दुरी सही लेकिन मेरी जाना जब भी....
दिल तेरे नाम पे धारका तो तुझे याद किया...

1 comment:

परमजीत सिहँ बाली said...

वाह! सुदीप जी,बहुत सुन्दर गीत लिखा है।बधाई स्वीकारें।

जब भी तेरी जुदाई के आजाब लम्हों ने .....
मुझ को बेताब किया तो तुझे याद किया.....

लाख दुरी सही लेकिन मेरी जाना जब भी....
दिल तेरे नाम पे धारका तो तुझे याद किया...